अगर आप बीज द्वारा बोना चाहते हैं तो इसमें तने बोने के मुकाबले रोग और कीटनाशक लगने की संभावना ज्यादा होती है 

अगर आप तने द्वारा बोते हैं तो आप की फसल भी काफी अच्छी होगी गन्ने की बुवाई काई  तरीके से की जा सकती है

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

भारत के हर राज्य में अलग-अलग स्थिति में अलग तरीका अपनाया जाता है सबसे पहला तरीका फ्लैट रोपण का होता है 

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

नाली को दो से ढाई फीट की दूरी पर बनाया जाता है

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

नालियों के बनने के बाद इसमें तीन आंख वाले गन्ने के टुकड़े को डालकर इसे ऊपर से सम तल कर दिया जाता है

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

आजकल के समय में भी किसान इस परंपरागत तकनीक से गन्ने की खेती की रोपाई करना पसंद करते हैं

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

जैसे आलू के चारों तरफ नाच में आंख की तरह एक चंद्राकर होता है और चंद्राकर के बीच में एक छोटा उभरा सा भाग होता है

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

दरअसल आलू के इसी जगह से नया पौधा निकलता है। इसी को आंख कहते हैं। इसी प्रकार गन्ने में ढेर सारे नोच यानी आंख पाए जाते हैं। 

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

गन्ना बोने के लिए इसी को जमीन में गाड़ दिया जाता है दूसरा तरीका फ्लोर रोपण का होता है

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

इस तरह की रोपाई में नाली को तैयार किया जाता है

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

यह नालियां दो से ढाई फुट की दूरी पर बनाई जाती है इन नालियों में बीज को 1 फुट की दूरी पर लगाना होता है

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

और नालियों के अंत में जल को रोकने के लिए ओ डी बनाई जाती है

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

ताकि कम बारिश होने पर भी खेत में पानी की कमी ना हो और अगर ज्यादा पानी हो तो एक साइड से इसे खोल दिया जाता है

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline

अधिक जानकारी जानकारी प्राप्त करने के लिए लिंक पर क्लिक करें click here

Scribbled Underline
Off-White Arrow
Scribbled Underline